अखिलेश ने कहा, नेता जी का आशीर्वाद होता तो न होती हार

0
30

कानपुर। पूर्व मुख्यमंत्री व सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने सोमवार को कहा कि नेता जी मुलायम सिंह यादव का आशीर्वाद होता तो प्रदेश में सपा की सरकार बन जाती। उनके बिना सरकार बनाना मुश्किल है। कांग्रेस से गठबंधन जारी रहेगा। 2019 के लोकसभा व 2022 के विधानसभा चुनावों में जीत के लिए जनता से मेल जोल बढ़ाया जायेगा। भाजपा ने झूठे वादे कर लोगों को धोखा दिया है। पूर्व मुख्यमंत्री अप्रत्यक्ष रूप से दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के बचाव में नजर आए। भाजपा और मीडिया पर हमलावर अखिलेश ने कहा कि केजरीवाल जैसा संकट किसी के भी सामने आ सकता है।
अखिलेश कानपुर व जालौन के कालपी में मांगलिक कार्यक्रम में पत्नी डिंपल यादव के साथ आए थे। इस दौरान उन्होंने कहा कि केजरीवाल की तरह मुझे बदनाम करने की कोशिश कानपुर से हुई थी। हालांकि उन्होंने इस बात को स्पष्ट नहीं किया और सुनने वाले कयास ही लगाते रहे। उन्होंने कहा कि केजरीवाल को मीडिया ने ही बनाया था और मीडिया ही गिरा रही है। चुटकी ली कि उठाकर गिराना मीडिया का बहुत अच्छा काम है। साथ ही जोड़ा कि पार्टी को चंदा मिलने की बात है तो हमसे हमारे खर्च का हिसाब ले लो और भाजपा ने कितना खर्च किया, ये सब जानते ही हैं
प्रदेश सरकार को कानून व्यवस्था पर भी घेरा। कहा कि प्रदेश में घटनाएं रुक नहीं रही हैं, जबकि कानून व्यवस्था सुधारने का भाजपा ने जनता को भरोसा दिलाया था। सरकार की तरफ से लगातार आश्वस्त करने के बाद भी पुलिस पर ही हमले हो रहे हैं। प्रदेश के हालात ये हो गए हैं कि जब सुप्रीम कोर्ट दिल्ली में निर्भया कांड पर फैसला सुना रही थी तब जालौन में उसी तरह की घटना हो रही थी। उन्होंने भाजपा की राजनीति को गलत और समाज को बांटने वाला बताया।शिवपाल यादव द्वारा नई पार्टी बनाने के सवाल पर कहा कि सपा की तरफ से कोई फैसला नहीं लिया गया है। सदस्यता अभियान चलाया जा रहा है, जिसमें ज्यादा से ज्यादा लोगों को जोडऩे का कार्य किया जा रहा है।

समाजवादी सेक्युलर मोर्चा बनाने की घोषणा कर चुके शिवपाल यादव ने कहा कि मोर्चा की कमान नेताजी (मुलायम सिंह) के हाथ में होगी। वही इसके राष्ट्रीय अध्यक्ष होंगे। सपा इस समय मनमानी का खामियाजा भुगत रही है। अखिलेश के बाद उसी कार्यक्रम में पहुंचे शिवपाल ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि सेक्युलर मोर्चा के लिए नेताजी से पूरी बात हो चुकी है, जिसके लिए वह तैयार भी हैं। इस मोर्चे में अन्य दलों को भी जोडऩे की रूपरेखा बनाई जा रही है। कार्यकर्ताओं को पार्टी से निकालने के मामले पर कहा कि इसी वजह से पार्टी कमजोर हुई है, जो सभी के सामने है। कुछ लोगों की मनमानी चल रही है, जिसका खामियाजा सपा को भुगतना पड़ रहा है। अखिलेश यादव से कहा है कि वह मुलायम को सपा का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाएं और उन सभी लोगों को एकत्र करें, जो पार्टी से जुड़े रहे हैं।

 

LEAVE A REPLY